ग्वालियर, 23 फरवरी 2026। ग्वालियर स्मार्ट सिटी इनक्यूबेशन सेंटर (जीइन्क्यूब) द्वारा आयोजित तीन दिवसीय “अकादमिया–इंडस्ट्री–फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन कॉन्क्लेव 2026” का प्रथम दिवस सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कॉन्क्लेव के पहले दिन अकादमिक इनक्यूबेटर्स कॉन्क्लेव 2026 के अंतर्गत शहर के प्रमुख शैक्षणिक इनक्यूबेशन केंद्र एक मंच पर एकत्रित हुए। जिसमें एमिटी इनोवेशन इनक्यूबेटर,ग्वालियर, प्रेस्टिज इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च, जीवाजी विश्वविद्यालय, एमएलबी इनक्यूबेशन सेंटर एवं कमला राजा इनोवेशन सेल के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य अकादमिक संस्थानों, उद्योग जगत एवं वित्तीय संस्थानों के बीच प्रभावी तालमेल स्थापित करना, स्टार्टअप्स को आवश्यक संसाधनों एवं वित्तीय अवसरों से जोड़ना, नवाचार को व्यावसायिक रूप देने हेतु मार्ग प्रशस्त करना तथा ग्वालियर में एक सुदृढ़ एवं आत्मनिर्भर स्टार्टअप इकोसिस्टम का निर्माण करना है। कॉन्क्लेव के आगामी दो दिनों में उद्योग विशेषज्ञों के सत्र तथा वित्तीय संस्थानों के साथ संवाद एवं एमओयू हस्ताक्षर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। यह तीन दिवसीय पहल ग्वालियर के स्टार्टअप इकोसिस्टम को नई ऊर्जा और दिशा प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
इस अवसर पर जीइन्क्यूब के स्टार्टअप्स ने अपने समक्ष आने वाली प्रमुख चुनौतियों जैसे हायरिंग, फंडिंग, लैब एवं टेस्टिंग सुविधाओं की उपलब्धता, तकनीकी संसाधनों की कमी तथा बाजार तक पहुंच से संबंधित मुद्दों को भी साझा किया। स्टार्टअप्स ने सुझाव दिया कि अकादमिक इनक्यूबेशन केंद्रों के साथ समन्वय के माध्यम से योग्य प्रतिभाओं की पहचान, शोध आधारित समाधान, प्रयोगशाला संसाधनों का उपयोग तथा संभावित निवेशकों से संपर्क स्थापित करने में सहयोग प्राप्त किया जा सकता है। इस पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ कि आपसी साझेदारी से इन चुनौतियों का प्रभावी समाधान निकाला जा सकता है।
जीइन्क्यूब के डायरेक्टर गौरव शाक्य ने संस्थान की कार्यप्रणाली पर प्रकाश डालते हुए बताया कि किस प्रकार जीइन्क्यूब स्टार्टअप्स को आइडिया से लेकर स्केल-अप तक मार्गदर्शन, मेंटरशिप, नेटवर्किंग, उद्योग संपर्क एवं विभिन्न सहयोग सेवाएं प्रदान करता है। कार्यक्रम में प्रोजेक्ट मैनेजर प्रांजल चतुर्वेदी, इनक्यूबेशन मैनेजर मेघा उपाध्याय एवं रोविन वर्मा, तथा प्रोजेक्ट एसोसिएट श्रुति अग्रवाल भी उपस्थित रहीं। आयोजन टीम ने समन्वय स्थापित करते हुए कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संपन्न कराया।
