नई दिल्ली, 07 अप्रैल 2026। भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने उपभोक्ताओं के हित में बड़ा कदम उठाते हुए दूरसंचार उपभोक्ता संरक्षण (तेरहवाँ संशोधन) विनियमन, 2026 का मसौदा जारी कर दिया है। इस प्रस्ताव का उद्देश्य मोबाइल यूजर्स को अधिक विकल्प और किफायती सेवाएं उपलब्ध कराना है।
ट्राई के अनुसार, इससे पहले वर्ष 2024 में जारी बारहवें संशोधन के तहत टेलीकॉम कंपनियों को केवल वॉइस और एसएमएस के लिए कम से कम एक विशेष टैरिफ वाउचर (STV) उपलब्ध कराना अनिवार्य किया गया था। हालांकि, बाद में यह सामने आया कि ऐसे वाउचर्स की संख्या काफी सीमित है, जिससे उपभोक्ताओं को पर्याप्त विकल्प नहीं मिल पा रहे थे।
इस मुद्दे पर मिले अभ्यावेदनों के बाद ट्राई ने अब प्रस्ताव रखा है कि_
* हर वैधता अवधि (Validity) के लिए कंपनियों को Voice-SMS का अलग STV देना होगा
* इन वाउचर्स की कीमत डेटा वाले पैक्स के मुकाबले आनुपातिक रूप से कम रखी जाएगी
इसका सीधा फायदा उन उपभोक्ताओं को मिलेगा जो इंटरनेट डेटा का कम उपयोग करते हैं और सिर्फ कॉलिंग व मैसेजिंग सेवाएं चाहते हैं। ट्राई ने इस मसौदे पर सभी हितधारकों से सुझाव मांगे हैं। इच्छुक व्यक्ति एवं संस्थाएं 28 अप्रैल 2026 तक अपने सुझाव भेज सकते हैं। सुझाव ईमेल के माध्यम से fea1-div@trai.gov.in पर भेजे जा सकते हैं।
अधिक जानकारी एवं मसौदा देखने के लिए ट्राई की आधिकारिक वेबसाइट www.trai.gov.in� पर विजिट किया जा सकता है।
