ब्रेकिंग

गांधी जयंती पर देशभर में बापू को नमन, सत्य-अहिंसा और स्वच्छता के संकल्प के साथ याद किए गए महात्मा गांधी

राजघाट पर राष्ट्रपति मुर्मू और प्रधानमंत्री मोदी ने दी श्रद्धांजलि, देशभर में स्वच्छता अभियान, श्रमदान और जनभागीदारी के कार्यक्रम

नई दिल्ली 2 अक्टूबर 2026। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 157वीं जयंती पर शुक्रवार को पूरा देश बापू के विचारों और आदर्शों को याद करता नजर आया। नई दिल्ली के राजघाट पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित देश के प्रमुख नेताओं ने महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। राजघाट पर सर्वधर्म प्रार्थना सभा भी आयोजित की गई।

देशभर में गांधी जयंती के अवसर पर सत्य, अहिंसा, शांति, स्वच्छता, सेवा और जनभागीदारी का संदेश दिया गया। केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में स्वच्छता गतिविधियों के साथ विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए।

राजघाट से स्वदेशी और स्वच्छता का संदेश

प्रधानमंत्री मोदी ने गांधी जयंती पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देते हुए देशवासियों से स्थानीय और स्वदेशी उत्पादों को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने तथा कम से कम एक खादी उत्पाद खरीदने का आह्वान किया।

बापू को श्रद्धांजलिराष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने गांधीजी के शांति और अहिंसा के संदेश की प्रासंगिकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि दुनिया के कई हिस्सों में संघर्ष और युद्ध के माहौल के बीच गांधीजी का संदेश आज भी महत्वपूर्ण है।

देशभर में स्वच्छता और श्रमदान

गांधी जयंती के साथ स्वच्छता ही सेवा अभियान 2026 का भी समापन हुआ। 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चले अभियान के दौरान देशभर में स्वच्छता, जनजागरूकता, श्रमदान, पौधरोपण और सार्वजनिक स्थलों की सफाई जैसे कार्यक्रम आयोजित किए गए।

केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों ने इस दौरान स्वच्छता के साथ सफाईकर्मियों के सम्मान, कचरा प्रबंधन, ई-वेस्ट निपटान और पर्यावरण संरक्षण पर भी गतिविधियां संचालित कीं। खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग के अनुसार देशभर में उसके कार्यालयों और संबद्ध संस्थानों ने स्वच्छता अभियान के साथ जागरूकता कार्यक्रम, वॉकाथॉन, पौधरोपण, नुक्कड़ नाटक और अन्य गतिविधियां आयोजित कीं।

मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) ने भी गांधी जयंती पर स्वच्छता अभियान का समापन किया। अभियान के दौरान उसके परिचालन क्षेत्रों में 55 से अधिक चिन्हित स्थानों पर स्वच्छता गतिविधियां हुईं और 10 लाख वर्गफुट से अधिक क्षेत्र की सफाई की गई।

गांधी के विचारों को जीवन में उतारने का संकल्प

गांधी जयंती पर देश के अलग-अलग हिस्सों में स्कूलों, कॉलेजों, सरकारी संस्थानों, सामाजिक संगठनों और स्थानीय प्रशासन ने कार्यक्रम आयोजित कर बापू के जीवन, स्वतंत्रता आंदोलन में उनके योगदान और सत्य-अहिंसा के सिद्धांतों को याद किया। 2 अक्टूबर केवल गांधी जयंती ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस भी है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 2007 में 2 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के रूप में मान्यता दी थी।

गांधी जयंती पर देशभर में हुए कार्यक्रमों का केंद्रीय संदेश यही रहा कि गांधीजी को केवल श्रद्धांजलि देना पर्याप्त नहीं, बल्कि उनके सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, स्वदेशी और सेवा के विचारों को व्यवहार और सार्वजनिक जीवन का हिस्सा बनाना ही उनके प्रति वास्तविक सम्मान है।