फार्मर रजिस्ट्री, स्वामित्व e-KYC, सीएम हेल्पलाइन और न्यायालयीन प्रकरणों में लापरवाही पड़ी भारी
ग्वालियर, 08 अक्टूबर 2026। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान के निर्देश पर ग्वालियर जिले में लापरवाह राजस्व अमले के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है। जिले में शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं और आमजन से जुड़े कार्यों में लापरवाही बरतने वाले 19 पटवारियों को संबंधित अनुविभागीय अधिकारियों (राजस्व) द्वारा तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
प्राप्त जानकारी अनुसार_ फार्मर रजिस्ट्री एवं स्वामित्व e-KYC में निम्न प्रगति, सीएम हेल्पलाइन शिकायतों की अधिक लंबितता, न्यायालयीन प्रकरणों में प्रतिवेदन प्रस्तुत करने में विलंब तथा वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों की अवहेलना को गंभीरता से लेते हुए यह कार्रवाई की गई है।
जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में कार्रवाई
निलंबित पटवारियों में ग्वालियर सिटी, डबरा, भितरवार, ग्वालियर ग्रामीण, झांसी रोड, लश्कर, मुरार और घाटीगांव क्षेत्र में पदस्थ पटवारी शामिल हैं।
| क्र. | अनुविभाग | तहसील | निलंबित पटवारी |
|---|---|---|---|
| 1 | ग्वालियर सिटी | ग्वालियर ग्रामीण | शैलेश कुशवाह |
| 2 | ग्वालियर सिटी | ग्वालियर ग्रामीण | राहुल भदौरिया |
| 3 | डबरा | डबरा | श्रीमती नीलम फरले |
| 4 | डबरा | डबरा | सिद्धेश्वरराम भगत |
| 5 | डबरा | डबरा | ऋषभ जैन |
| 6 | डबरा | पिछोर | अचल पाठक |
| 7 | भितरवार | भितरवार | हीरा कुरै |
| 8 | भितरवार | भितरवार | देवेंद्र गौड़ |
| 9 | भितरवार | चीनौर | राकेश रायपुरिया |
| 10 | भितरवार | चीनौर | सुरेंद्र धाकड़ |
| 11 | ग्वालियर ग्रामीण | तानसेन | जितेंद्र यादव |
| 12 | झांसी रोड | सिटी सेंटर | सचिन बंसल |
| 13 | लश्कर | ग्वालियर ग्रामीण | रामलखनसिंह गुर्जर |
| 14 | मुरार | मुरार | कोकसिंह भदौरिया |
| 15 | मुरार | मुरार | नीरज शर्मा |
| 16 | मुरार | मुरार | ब्रजेश अग्रैया |
| 17 | घाटीगांव | घाटीगांव | संतोष शर्मा |
| 18 | घाटीगांव | घाटीगांव | दिनेश भोज |
| 19 | घाटीगांव | घाटीगांव | उमाशंकर आदिवासी |
लापरवाही पर आगे भी होगी सख्ती
कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने स्पष्ट किया है कि शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं के क्रियान्वयन और आमजन से जुड़े कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। राजस्व अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपने दायित्वों का निर्वहन समय-सीमा और गुणवत्ता के साथ करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन की इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि लंबित शिकायतों, सरकारी योजनाओं में धीमी प्रगति और न्यायालयीन प्रकरणों में लापरवाही को अब महज प्रशासनिक कमी मानकर नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। अधिकारियों ने भी स्पष्ट संकेत दिए हैं कि कार्यप्रणाली में सुधार नहीं होने पर आगे भी इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
