“संकल्प से समाधान” अभियान की समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने दिए निर्देश
अंतरविभागीय समन्वय बैठक में जिले का नवाचार “शिक्षा मित्र”, सीएम हैल्पलाइन एवं शासन की प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों की हुई समीक्षा
ग्वालियर 19 जनवरी 2026/ नगर निगम सहित जिले के सभी नगरीय निकायों एवं ग्राम पंचायतों को इस आशय का प्रमाण-पत्र देना होगा कि उनके यहां सामाजिक न्याय व दिव्यांगजन कल्याण विभाग द्वारा संचालित सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना से लाभान्वित होने से कोई भी पात्र हितग्राही शेष नहीं है। इसी तरह अन्य हितग्राहीमूलक योजनाओं के तहत लक्ष्य के अनुसार शत-प्रतिशत हितग्राहियों को लाभान्वित कराने का प्रमाण-पत्र भी देना होगा। इस आशय के निर्देश कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने अंतरविभागीय समन्वय बैठक में “संकल्प से समाधान” अभियान की समीक्षा के दौरान संबंधित अधिकारियों को दिए।
सोमवार को कलेक्ट्रेट के सभागार में आयोजित हुई अंतरविभागीय समन्वय बैठक में जिले में शासकीय स्कूलों के बच्चों को बैंच उपलब्ध कराने के लिये हुए “शिक्षा-मित्र” नवाचार, सीएम हैल्पलाइन, ई-टोकन प्रणाली से खाद वितरण, पराली प्रबंधन, एक बगिया माँ के नाम, प्राकृतिक खेती, विश्वकर्मा योजना, नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम, सुशासन, स्मार्ट क्लासेस व सड़क सुरक्षा सहित प्रस्तावित कलेक्टर – कमिश्नर कॉन्फ्रेंस में शामिल विषयों की भी समीक्षा की गई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सोजान सिंह रावत, जिले के एसडीएम एवं विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी भी मौजूद थे।
कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने जोर देकर कहा कि अभियान के तहत प्राप्त हो रहे शतप्रतिशत आवेदनों को पोर्टल पर अपलोड करें। साथ ही निराकरण का विवरण भी भरें। उन्होंने “संकल्प से समाधान” अभियान के तहत लगाए जा रहे शिविरों को प्रभावी ढंग से आयोजित करने के लिये विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारियों की ड्यूटी लगाने के निर्देश भी दिए।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सोजान सिंह रावत ने विभागीय अधिकारियों से कहा कि वे संकल्प से समाधान अभियान के तहत प्राप्त आवेदनों की प्रतिदिन समीक्षा करें और आवेदनों का निराकरण भी करायें। उन्होंने कहा कि पोर्टल पर एंट्री से कोई भी आवेदन शेष नहीं रहना चाहिए।
सीएम हैल्पलाइन की शिकायतों की समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने स्पष्ट किया कि जो अधिकारी शिकायतों को बिना वजह इधर से उधर अंतरित करेंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने एल-1 स्तर के जिन अधिकारियों द्वारा शिकायतों के निराकरण में रुचि नहीं ली जा रही है, उनको कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए।
सरकारी स्कूलों के बच्चों को बैंच उपलब्ध कराने शासकीय सेवकों ने दिए 30 लाख रुपए
जिले के शासकीय प्राथमिक विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों के बैठने के लिये डेस्कयुक्त बैंच उपलब्ध कराने के लिये कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान द्वारा किए गए नवाचार “शिक्षा मित्र” की समीक्षा भी बैठक में की गई। बैठक में बताया गया कि अब तक लगभग 100 अधिकारी-कर्मचारियों ने स्वेच्छा से बैंचों के लिये धनराशि उपलब्ध कराने की सहमति दी है। इनमें से अधिकांश द्वारा धनराशि भी जमा करा दी गई है। शासकीय सेवकों द्वारा अब तक कुल मिलाकर लगभग 30 लाख रुपए की धनराशि देने की सहमति दी जा चुकी है। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने बैंच के लिये स्वेच्छा से धनराशि देने की सहमति देने वाले शेष अधिकारियों से जल्द से जल्द धनराशि जमा करने के लिये कहा है। इस पुनीत पहल में सामाजिक एवं स्वयंसेवी संगठनों का भी सहयोग लिया जायेगा।
