2 घंटे में हिला दिया ‘नटवरलाल’ का अभेद किला, उप महाप्रबंधक संजय बरनवाल तत्काल हटाए गए
भोपाल 13 जनवरी 2026। पत्रकारिता अगर निर्भीक हो, तथ्यों पर आधारित हो और जनहित के लिए खड़ी हो—तो उसका असर ऐसा ही होता है। युगक्रांति द्वारा प्रकाशित सड़क परिवहन एवं टोल से जुड़े घोटाले की खबर ने महज दो घंटे के भीतर सत्ता और सिस्टम में हलचल मचा दी।
खबर पढ़ते ही लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव श्री सुखबीर सिंह ने मामले को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए एमपीआरडीसी (MPRDC) के प्रबंध निदेशक श्री भारत यादव को तत्काल तलब किया। इसके बाद बिना किसी देरी के उप महाप्रबंधक संजय बरनवाल को पद से तत्काल हटाने के आदेश जारी कर दिए गए।
यह कार्रवाई इस बात का प्रमाण है कि युग क्रांति की खबर महज शब्द नहीं थी, बल्कि वह रॉकेट लॉन्चर साबित हुई—जिसने तथाकथित ‘नटवरलाल’ के अभेद किले में सेंध नहीं, बल्कि उसे नेस्तनाबूत कर दिया।
जंगलराज पर सीधा प्रहार, जनता को मिली राहत
जिस तंत्र में वर्षों से माफियागिरी, संरक्षण और तथाकथित जंगलराज फल-फूल रहा था, उस पर आज करारा प्रहार हुआ है। यह सिर्फ एक अधिकारी को हटाने की कार्रवाई नहीं है, बल्कि यह सिस्टम को चेतावनी है कि—अब घोटाले, दलाली और संरक्षण की राजनीति नहीं चलेगी।
युग क्रांति की निर्भीक पत्रकारिता को मिली प्रशासनिक स्वीकृति
एमपीआरडीसी द्वारा जारी आदेश क्रमांक …../MPRDC/
स्था/243/26, दिनांक 13 जनवरी 2026 को जारी में स्पष्ट किया गया है कि कार्यालयीन आदेश क्रमांक 13446 दिनांक 04/12/2018 के माध्यम से श्री संजय बरनवाल को उप महाप्रबंधक (स्थापना) का प्रभार सौंपा गया था। अब श्री संजय बरनवाल से प्राप्त आवेदन को मान्य करते हुए, उन्हें उप महाप्रबंधक (स्थापना) से संबंधित दायित्वों से मुक्त कर दिया गया है।
आदेश के अनुसार श्री उमेश सिंह, उप महाप्रबंधक, को
उनके वर्तमान दायित्वों के साथ-साथ उप महाप्रबंधक (स्थापना) का अतिरिक्त प्रभार आगामी आदेश तक अस्थायी रूप से सौंपा गया है। आदेश में यह भी उल्लेख है कि श्री संजय बरनवाल अब लोक सूचना अधिकारी एवं शिकायत शाखा से संबंधित दायित्वों का निर्वहन पूर्ववत करते रहेंगे।
निर्णायक कार्रवाई के लिए युगक्रांति मध्य प्रदेश की जनता की ओर से “लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव श्री सुखबीर सिंह और एमपीआरडीसी के प्रबंध निदेशक श्री भारत यादव का आभार” व्यक्त करता है, जिन्होंने बिना दबाव और बिना देरी के जनहित में सख्त निर्णय लेकर यह साबित किया कि—प्रशासन अगर चाहे तो माफिया कितने भी ताकतवर क्यों न हों, वे बच नहीं सकते।
यह तो शुरुआत है…युग क्रांति यह स्पष्ट करता है कि यह लड़ाई अभी रुकी नहीं है। भ्रष्टाचार, टोल माफिया और अफसरशाही की मिलीभगत पर आगे भी तथ्यों, दस्तावेजों और पत्रों के साथ प्रहार जारी रहेगा।
👉 जनता के हित में, सच के साथ, युग क्रांति अडिग रहेगा।
इस खबर का हुआ धमाका
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