भोपाल, 08 दिसंबर 2025। मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी की प्रेस कॉन्फ्रेंस के तुरंत बाद भाजपा ने तीखा पलटवार करते हुए उनके आरोपों को “डेटा की गलत व्याख्या, भ्रम फैलाने और राजनीतिक नौटंकी” करार दिया। भाजपा नेताओं का कहना है कि कांग्रेस केवल आँकड़ों का दुरुपयोग कर जनता को गुमराह कर रही है, जबकि शिक्षा और पोषण योजनाओं में प्रदेश सरकार निरंतर सुधार कर रही है।
भाजपा ने पलटवार करते हुए अपने उत्तर प्रस्तुत किए।
“56 लाख बच्चे गायब” — भाजपा का जवाब
भाजपा ने इस दावे को “भ्रम फैलाने की कवायद” बताया।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि_
“UDISE+ डेटा में कमी आने का अर्थ ‘बच्चे गायब’ होना नहीं है। यह जन्मदर में कमी, निजी स्कूलों में बढ़ता रुझान, माइग्रेशन और डेटा सफाई के कारण है। कांग्रेस बच्चों को ‘गायब’ बताकर मध्य प्रदेश का अपमान कर रही है।”
बजट घोटाला नहीं, बढ़ी हुई जिम्मेदारी
भाजपा नेताओं ने बताया कि 2017 से 2024 के बीच शिक्षा का बजट बढ़ना “घोटाले का प्रमाण नहीं बल्कि बढ़ी हुई आबादी और योजनाओं के विस्तार का संकेत है।”
प्रवक्ता ने कहा—“पटवारी जी को समझना चाहिए कि बजट बढ़ना विकास दर्शाता है, न कि चोरी। नई स्कूल बिल्डिंग, स्मार्ट क्लास, शिक्षक भर्ती, साइकिल/यूनिफॉर्म योजनाओं में राशि स्वाभाविक रूप से बढ़ी है।”
मिड-डे मील पर भाजपा का पलटवार
भाजपा ने जीतू पटवारी के “सूखी रोटी-नमक” वाले बयान को “जमीनी हकीकत से दूर और भ्रामक” बताया।
भाजपा ने कहा—
“जहाँ शिकायतें मिलीं, वहाँ तत्काल कार्रवाई हुई। कांग्रेस एक-दो फोटो के आधार पर प्रदेश को बदनाम कर रही है।”
“केंद्रीय मंत्री का बयान तोड़ा-मरोड़ा गया” — भाजपा
भाजपा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बयान को संदर्भ से काटकर पेश किया।
“प्रधान जी ने सुधार की आवश्यकता कही, यह आलोचना नहीं बल्कि मार्गदर्शन था। कांग्रेस इसे हथियार बनाकर फैलाव कर रही है।”
“कांग्रेस शासन का रिकॉर्ड सबसे खराब था”
भाजपा ने कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए कहा—
“2003 से पहले मध्य प्रदेश देश का BIMARU राज्य कहलाता था। शिक्षक नहीं, स्कूल नहीं, ढांचा नहीं। कांग्रेस अपने पाप और लापरवाही छिपाने के लिए आँकड़ों का खेल खेल रही है।”
मुख्यमंत्री मोहन यादव का भी जवाब
मुख्यमंत्री कार्यालय ने पटवारी के आरोपों को “राजनीतिक ड्रामा” बताते हुए कहा—
“प्रदेश में शिक्षा सुधार ऐतिहासिक स्तर पर हो रहे हैं। शिक्षक भर्ती, पोषण सुधार, डिजिटल शिक्षा, स्कूल अपग्रेडेशन हर स्तर पर काम तेज है। कांग्रेस को राज्य की छवि खराब करने की आदत है।”
भाजपा के 7 तीखे प्रतिप्रश्न कांग्रेस से..
भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल ने कड़े शब्दों में कांग्रेस से युगक्रांति के माध्यम से सात प्रश्न किये
1. क्या 56 लाख ‘गायब’ बच्चे खोजने में कांग्रेस ने कोई दस्तावेज पेश किया?
2. क्या कांग्रेस बताएगी कि उसके शासन में UDISE डेटा में कितनी गड़बड़ियाँ थीं?
3. जब 15 महीने सत्ता में थे, तब कितने शिक्षक भर्ती किए?
4. क्या कांग्रेस मिड-डे मील योजना में अपने समय के घोटालों को भूल गई?
5. क्या पटवारी बताएँगे कि उनके कार्यकाल में कितने स्कूल बिना प्रिंसिपल और शिक्षक के थे?
6. क्या कांग्रेस मानती है कि परिवारों का निजी स्कूलों की ओर झुकाव बढ़ा है?
7. क्या कांग्रेस केवल ट्विटर और प्रेस कॉन्फ्रेंस के भरोसे राजनीति कर रही है?
अंत में भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि “कांग्रेस सिर्फ भ्रम फैलाने में माहिर है। उसे बच्चों की नहीं, 2028 के चुनाव की चिंता है। राज्य सरकार बिना शोर किए प्रदेश के हर बच्चे के भविष्य के लिए कार्य कर रही है। कांग्रेस गालियाँ दे, आरोप लगाए, लेकिन विकास रुकने वाला नहीं।”
